तबादले पर फूट-फूटकर रोईं Kishanganj की शिक्षिका, मुस्लिम समाज की मोहब्बत ने जीत लिया दिल

बिहार के सीमावर्ती ज़िले Kishanganj से सामने आई यह घटना हिंदू–मुस्लिम रिश्तों को लेकर फैले कई पूर्वाग्रहों को तोड़ती है। एक हिंदू शिक्षिका, जो कभी इस ज़िले में पोस्टिंग को लेकर आशंकित थीं, वही शिक्षिका तबादले के समय यहां के लोगों से बिछड़ते हुए भावुक हो गईं।

EDITED BY: thevocalbharat.com

UPDATED: Monday, January 19, 2026

Kishanganj

बिहार के सीमावर्ती ज़िले Kishanganj से सामने आई यह घटना हिंदू–मुस्लिम रिश्तों को लेकर फैले कई पूर्वाग्रहों को तोड़ती है। एक हिंदू शिक्षिका, जो कभी इस ज़िले में पोस्टिंग को लेकर आशंकित थीं, वही शिक्षिका तबादले के समय यहां के लोगों से बिछड़ते हुए भावुक हो गईं।

Kishanganj में पोस्टिंग से पहले कुछ लोगों ने इसे ‘मिनी पाकिस्तान’ कहकर डराने की कोशिश की थी।

जब शिक्षिका का तबादला मुस्लिम बहुल Kishanganj में हुआ था, तब परिवार और परिचितों ने उन्हें कई तरह की चेतावनियां दी थीं। कुछ लोगों ने इस इलाके को संवेदनशील बताते हुए तंज़ में “मिनी पाकिस्तान” तक कह दिया, जिससे उनके मन में भी अनजाना डर बैठ गया था।
Kishanganj

सम्मान और अपनापन बना पहचान

स्कूल के बच्चे, उनके अभिभावक और स्थानीय लोग शिक्षिका के प्रति बेहद सहयोगी निकले। मुस्लिम समाज ने उन्हें सिर्फ़ एक शिक्षक ही नहीं, बल्कि अपने परिवार के सदस्य की तरह अपनाया। त्योहारों की बधाइयों से लेकर रोज़मर्रा की मदद तक, हर जगह अपनापन देखने को मिला।

धर्म नहीं, इंसानियत बनी पहचान

शिक्षिका का कहना है कि किशनगंज में रहते हुए उन्होंने कभी खुद को अलग धर्म का महसूस नहीं किया। यहां लोगों ने उन्हें एक इंसान और एक गुरु के रूप में देखा। जिन बातों से उन्हें डराया गया था, वे हकीकत से बिल्कुल उलट निकलीं।

यह भी पढ़े