प्रसिद्ध संगीतकार A.R. Rahman हाल ही में चर्चा में आए, जब एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि बीते कुछ वर्षों में हिंदी फिल्म उद्योग में उनका काम धीमा हुआ है। इस टिप्पणी को कुछ लोगों ने वैचारिक बदलावों से जोड़कर देखा, जिसके बाद सोशल मीडिया और फिल्म जगत में बहस तेज हो गई।
A.R. Rahman की पहली सार्वजनिक प्रतिक्रिया
रविवार को A.R. Rahman ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक वीडियो संदेश साझा किया। उन्होंने सीधे तौर पर विवाद का जिक्र नहीं किया, लेकिन अपने विचार भारत, संगीत और संस्कृति के संदर्भ में रखे।

“संगीत सेवा का माध्यम है”
वीडियो में रहमान ने कहा कि संगीत उनके लिए लोगों को जोड़ने और सम्मान देने का जरिया है। उन्होंने माना कि कभी-कभी इरादों को गलत समझ लिया जाता है, लेकिन उनका उद्देश्य हमेशा संगीत के माध्यम से सेवा करना रहा है।
भारत से जुड़ाव और पहचान
रहमान ने भारत को अपनी प्रेरणा, गुरु और घर बताया। उन्होंने कहा कि उन्हें भारतीय होने पर गर्व है और भारत जैसे बहुसांस्कृतिक देश में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और विविध आवाज़ों का सम्मान उन्हें आगे बढ़ने की ताकत देता है।
करियर की झलक और भविष्य की दिशा
अपने संदेश में रहमान ने युवाओं के साथ ऑर्केस्ट्रा बनाने, उभरते कलाकारों को मेंटर करने और अंतरराष्ट्रीय परियोजनाओं पर काम करने का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य ऐसा संगीत रचना है जो अतीत का सम्मान करे, वर्तमान को समझे और भविष्य की ओर देखे।
बहस जारी, लेकिन सुर शांत
जहां एक ओर अलग-अलग विचारधाराओं के बीच टकराव दिखा, वहीं रहमान की पोस्ट को कई लोगों ने शांति और संतुलन का संदेश माना। फिलहाल यह देखना होगा कि यह चर्चा आगे किस दिशा में जाती है।






