IIT ISM भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) आईएसएम धनबाद में तीन दिवसीय इंडस्ट्री–इंस्टीट्यूट इंटरैक्शन कॉन्क्लेव एवं प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। इस अहम आयोजन का उद्देश्य शिक्षा और उद्योग जगत के बीच मजबूत साझेदारी को बढ़ावा देना है, जिससे रिसर्च, इनोवेशन और रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकें।
यह कार्यक्रम न केवल छात्रों और शोधकर्ताओं के लिए उपयोगी साबित होगा, बल्कि उद्योगों को भी शैक्षणिक संस्थानों की विशेषज्ञता से जोड़ने का काम करेगा।
IIT ISM में राज्यपाल संतोष गंगवार करेंगे उद्घाटन
इस प्रतिष्ठित कार्यक्रम का उद्घाटन झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार करेंगे। तय कार्यक्रम के अनुसार, राज्यपाल शुक्रवार को दोपहर 12 बजे IIT ISM धनबाद के परिसर में पहुंचेंगे और कॉन्क्लेव का औपचारिक शुभारंभ करेंगे।
राज्यपाल के संबोधन में उच्च शिक्षा, तकनीकी नवाचार और उद्योग–शिक्षा सहयोग जैसे विषयों पर विशेष जोर रहने की संभावना है।

इंडस्ट्री–इंस्टीट्यूट सहयोग पर रहेगा फोकस
इस कॉन्क्लेव का मुख्य उद्देश्य इंडस्ट्री और अकादमिक संस्थानों के बीच आपसी सहयोग को मजबूत करना है। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न तकनीकी सत्र, पैनल चर्चा और प्रेजेंटेशन आयोजित किए जाएंगे, जिनमें देश और विदेश से आए विशेषज्ञ हिस्सा लेंगे।
इन चर्चाओं में रिसर्च ट्रांसफर, स्किल डेवलपमेंट, स्टार्टअप इकोसिस्टम और भविष्य की तकनीकों जैसे विषयों पर मंथन किया जाएगा।
पांच कंपनियों के साथ होंगे महत्वपूर्ण MoU
ट्रिपल आई (III) कार्यक्रम के तहत आईआईटी आईएसएम धनबाद देश और विदेश की पांच प्रतिष्ठित कंपनियों के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर करेगा। इन समझौतों का मकसद रिसर्च सहयोग, ट्रेनिंग प्रोग्राम, इंडस्ट्री एक्सपोजर और संयुक्त प्रोजेक्ट्स को बढ़ावा देना है।
इन MoU के जरिए छात्रों को इंडस्ट्री से सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा, जिससे उनकी रोजगार क्षमता में भी इजाफा होगा।
BSNL सहित अंतरराष्ट्रीय कंपनियां होंगी शामिल
इस कॉन्क्लेव की खास बात यह है कि इसमें बीएसएनएल (BSNL) के साथ-साथ कई अंतरराष्ट्रीय कंपनियां भी भाग ले रही हैं। टेलीकॉम, माइनिंग, एनर्जी, आईटी और एडवांस्ड टेक्नोलॉजी सेक्टर से जुड़ी कंपनियों की मौजूदगी इस आयोजन को और खास बनाती है।
अंतरराष्ट्रीय भागीदारी से आईआईटी आईएसएम को वैश्विक स्तर पर नए सहयोग और रिसर्च के अवसर मिलने की उम्मीद है।
छात्रों और शोधार्थियों को मिलेगा सीधा लाभ
इस कार्यक्रम से आईआईटी आईएसएम के छात्रों, रिसर्च स्कॉलर्स और फैकल्टी मेंबर्स को बड़ा फायदा मिलने वाला है। छात्रों को इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स से सीधे संवाद करने, इंटर्नशिप और प्लेसमेंट के अवसरों को समझने का मौका मिलेगा।
इसके अलावा, रिसर्च स्कॉलर्स को अपने प्रोजेक्ट्स को उद्योगों के साथ जोड़ने और फंडिंग के नए रास्ते तलाशने में मदद मिलेगी।





