तमिल सुपरस्टार Thalapathy Vijay की फिल्म ‘जन नायकन’ को लेकर कानूनी मुश्किलें बढ़ गई हैं। सुप्रीम कोर्ट ने 15 जनवरी को फिल्म के मेकर्स की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) से सर्टिफिकेशन दिलाने की मांग की गई थी।
Thalapathy Vijay की फ़िल्म ‘जन नायकन’ पर मद्रास हाई कोर्ट को फैसला सुनाने का निर्देश
Thalapathy Vijay की फ़िल्म शीर्ष अदालत ने स्पष्ट किया कि इस मामले की सुनवाई और अंतिम फैसला मद्रास हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच को ही करना होगा। सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट को 20 जनवरी, 2026 तक इस मामले पर निर्णय लेने का निर्देश दिया है। फिलहाल, डिवीजन बेंच मंगलवार को इस केस की सुनवाई करने वाली है।

किस याचिका पर हुई सुनवाई
यह याचिका फिल्म के प्रोड्यूसर केवीएन प्रोडक्शंस एलएलपी की ओर से दाखिल की गई थी। इसमें मद्रास हाई कोर्ट के उस आदेश पर रोक लगाने की मांग की गई थी, जिसने फिल्म के सर्टिफिकेशन प्रोसेस को अस्थायी रूप से रोक दिया था।
सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी
जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस एजी मसीह की बेंच ने याचिका पर सुनवाई से इनकार करते हुए कहा कि मामला पहले से ही हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच के सामने तय है। जस्टिस दत्ता ने टिप्पणी की कि जब अपील का सही मंच उपलब्ध है, तो बीच में हस्तक्षेप करना उचित नहीं है।
प्रोड्यूसर की दलील
प्रोड्यूसर की ओर से सीनियर एडवोकेट मुकुल रोहतगी ने कोर्ट में दलील दी कि फिल्म इंडस्ट्री में रिलीज डेट घोषित होने के बाद हजारों थिएटर बुक हो जाते हैं और प्रचार भी शुरू हो जाता है। ऐसे में सर्टिफिकेशन में देरी से भारी नुकसान होता है।
कोर्ट का रुख
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने इसे समय से पहले दायर की गई याचिका बताया और कहा कि जब मामला पहले से हाई कोर्ट में लंबित है, तो वहीं सही तरीके से चुनौती दी जानी चाहिए।






