पश्चिम बंगाल: NIA को सौंपी गई बेलडांगा में हिंसक प्रदर्शन की जांच, BJP ने फैसले का स्वागत किया

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा इलाके में हुए हिंसक प्रदर्शन के मामले में बड़ा कदम उठाते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने जांच अपने हाथ में ले ली है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के सूत्रों ने इस फैसले की पुष्टि की है। इस घटनाक्रम के बाद

EDITED BY: thevocalbharat.com

UPDATED: Saturday, January 31, 2026

NIA

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा इलाके में हुए हिंसक प्रदर्शन के मामले में बड़ा कदम उठाते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने जांच अपने हाथ में ले ली है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के सूत्रों ने इस फैसले की पुष्टि की है।

इस घटनाक्रम के बाद राज्य की राजनीति भी गरमा गई है। पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी और केंद्रीय राज्य मंत्री सुकांत मजूमदार ने NIA को जांच सौंपे जाने के निर्णय का स्वागत किया है।

NIA ने जाँच अपने हाथ में ली क्यूंकि प्रवासी मजदूर की हत्या से भड़की थी हिंसा

बेलडांगा में हिंसा की जड़ एक प्रवासी मजदूर की हत्या से जुड़ी है। NIA ने कुछ दिन पहले मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा थाना क्षेत्र अंतर्गत सुजापुर कुमारपुर ग्राम पंचायत के निवासी अलाई शेख (30) की झारखंड में संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी।

अलाई शेख झारखंड में हॉकर के रूप में काम करते थे। परिजनों का आरोप है कि वहां उनके साथ मारपीट की गई, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। जैसे ही यह खबर उनके गांव पहुंची, इलाके में तनाव फैल गया।
NIA

हत्या के विरोध में दो दिन तक प्रदर्शन

अलाई शेख की मौत के विरोध में बेलडांगा में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन शुरू हो गया। यह विरोध प्रदर्शन करीब दो दिनों तक चलता रहा, जिसमें हालात धीरे-धीरे हिंसक हो गए।

प्रदर्शनकारियों ने मृतक मजदूर के शव के साथ सड़क पर उतरकर प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जाहिर की। देखते ही देखते स्थिति बेकाबू हो गई और कानून-व्यवस्था को संभालना मुश्किल हो गया।

नेशनल हाईवे और रेल सेवा हुई बाधित

प्रदर्शन के दौरान गुस्साए लोगों ने नेशनल हाईवे-12 को जाम कर दिया, जिससे यातायात काफी देर तक प्रभावित रहा। हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

इसके अलावा, प्रदर्शनकारियों ने लालगोला–सियालदह रेलखंड को भी जाम कर दिया। इस कारण कई ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हुआ और यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा।

परिवार का आरोप: भाषा और पहचान को लेकर प्रताड़ना

मृतक के परिवार ने गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि बंगाली होने की वजह से अलाई शेख को निशाना बनाया गया और उनके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। परिवार का दावा है कि इसी कथित प्रताड़ना के चलते उनकी मौत हुई।

हालांकि, इस मामले में अभी तक आधिकारिक जांच के बाद ही सभी तथ्यों की पुष्टि हो सकेगी।

गृह मंत्रालय ने NIA को सौंपी जांच

सूत्रों के मुताबिक, हालात की गंभीरता और हिंसा के फैलाव को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इस पूरे मामले की जांच NIA को सौंपने का फैसला लिया है।
NIA अब—

  • हिंसा की पृष्ठभूमि

  • प्रदर्शन के दौरान हुई घटनाएं

  • किसी संगठित साजिश की आशंका

जैसे पहलुओं की जांच करेगी।

शुभेंदु अधिकारी का बयान

न्यूज एजेंसी ANI से बातचीत में भाजपा नेता और नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि मुर्शिदाबाद में पहले भी हिंसा की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।

उन्होंने कहा,

“मुर्शिदाबाद में पहले भी हिंसा हुई है। उस समय मैंने कलकत्ता हाई कोर्ट में अपील की थी। कोर्ट का आदेश अब भी लागू है, लेकिन जिला प्रशासन ने उसका पालन नहीं किया। इसके बाद बेलडांगा में एक और हिंसक घटना हुई। अब NIA ने जांच शुरू की है, मैं इस फैसले का स्वागत करता हूं।”

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